BMSB 2026-27: ऑस्ट्रेलिया-न्यूज़ीलैंड के लिए टारगेट माल, ट्रीटमेंट, AusTreat
ऑस्ट्रेलिया का 2026-27 ब्राउन मार्मोरेटेड स्टिंक बग (BMSB) सीज़न 1 सितंबर 2026 से 30 अप्रैल 2027 तक शिप होने वाले सी कार्गो पर लागू है। टारगेट रिस्क देशों (target risk countries) में बने या वहां से शिप हुए टारगेट हाई रिस्क माल (target high risk goods) का ट्रीटमेंट ज़रूरी है, जब तक उसे छूट न हो, और टारगेट रिस्क माल (target risk goods) की जांच हो सकती है। ब्रेक बल्क, ओपन-टॉप और फ़्लैट-रैक कार्गो का ट्रीटमेंट AusTreat के मंज़ूर प्रोवाइडर से ऑफ़शोर (शिपमेंट से पहले विदेश में) कराना होगा; सील किए गए कंटेनर का ट्रीटमेंट ऑनशोर (ऑस्ट्रेलिया में) हो सकता है। एथिल फ़ॉर्मेट ऑनशोर और ऑफ़शोर दोनों के लिए मंज़ूर है, और क्लियरेंस के दो वैकल्पिक रास्ते ख़त्म कर दिए गए हैं। न्यूज़ीलैंड की MPI वाहनों, मशीनरी और पार्ट्स को टारगेट करती है और पहुंचने से पहले ट्रीटमेंट की अपेक्षा रखती है।
ऑफ़िशियल सोर्सेज़ के खिलाफ़ चेक किया गया: 2026-10
एक नज़र में
2026-27 सीज़न की तारीख़ें और क्या बदला
ऑस्ट्रेलिया के कृषि, मत्स्य पालन और वन विभाग (DAFF) ने 31 अगस्त 2026 के इंपोर्ट इंडस्ट्री एडवाइस नोटिस (IIAN) 151-2026 में पुष्टि की कि 2026-27 का BMSB सीज़न 1 सितंबर 2026 को शुरू हुआ। ये उपाय टारगेट रिस्क देशों में बने या वहां से शिप हुए उस टारगेट माल पर लागू होते हैं जो 1 सितंबर से 30 अप्रैल (दोनों दिन शामिल) के बीच शिप हुआ हो; IIAN 138-2026 सी कार्गो के लिए यह अवधि 1 सितंबर 2026 से 30 अप्रैल 2027 बताता है। ये उन जहाज़ों पर भी लागू होते हैं जो इस अवधि में टारगेट रिस्क देशों में बर्थ, लोड या ट्रांसशिप करते हैं। DAFF का BMSB पेज शिपिंग की तारीख़ ओशन बिल ऑफ़ लैडिंग पर लिखी शिप्ड-ऑन-बोर्ड डेट से तय करता है, पोर्ट की गेट-इन तारीख़ से नहीं।
IIAN 151-2026 में 2025-26 के मुक़ाबले तीन बदलाव बताए गए हैं: एथिल फ़ॉर्मेट को ऑनशोर ट्रीटमेंट के रूप में जोड़ा गया (यह पहले से ऑफ़शोर विकल्प था), रोल्ड गुड्स पॉलिसी (Rolled Goods Policy) हटा दी गई और सेफ़गार्डिंग अरेंजमेंट्स स्कीम (Safeguarding Arrangements Scheme) हटा दी गई। 31 जुलाई 2026 के IIAN 130-2026 के अनुसार पिछले दो सीज़न के डेटा से पता चला कि ये रास्ते स्टैंडर्ड ट्रीटमेंट और लोडिंग नियमों से कम सुरक्षा देते थे; 2025-26 की सेफ़गार्डिंग मंज़ूरियां अब प्रभावी नहीं हैं।
न्यूज़ीलैंड की मिनिस्ट्री फ़ॉर प्राइमरी इंडस्ट्रीज़ (MPI) सीज़न को साल से नहीं, तारीख़ों से तय करती है: वह माल जो किसी रिस्क देश से 1 सितंबर को या उसके बाद एक्सपोर्ट हुआ हो, या लोडिंग से पहले 5 दिन से ज़्यादा वहां इस्तेमाल हुआ, वहां ले जाया गया या वहां स्टोर हुआ हो, और जो 30 अप्रैल को या उससे पहले न्यूज़ीलैंड पहुंचे। MPI के अनुसार जोखिम आम तौर पर अक्टूबर से दिसंबर तक सबसे ज़्यादा होता है।
ऑस्ट्रेलिया में टारगेट रिस्क देश और टारगेट माल
ऑस्ट्रेलिया माल को टैरिफ़ चैप्टर के हिसाब से बांटता है। टारगेट हाई रिस्क माल का ट्रीटमेंट अनिवार्य है; टारगेट रिस्क माल की रैंडम जांच हो सकती है। बाक़ी माल इन उपायों से बाहर है, जब तक वह टारगेट माल के साथ एक ही कंटेनर या कंसाइनमेंट में न हो। नीचे दी गई सूचियां, और यह नियम कि उपाय नए और पुराने दोनों तरह के माल पर लागू होते हैं पर उनकी पैकेजिंग पर नहीं, DAFF के 2025-26 के पेजों से हैं (BMSB पेज आख़िरी बार 13 अप्रैल 2026 को अपडेट हुआ)। IIAN 151-2026 में 2026-27 के लिए इनमें कोई बदलाव नहीं बताया गया है, लेकिन शिप करने से पहले agriculture.gov.au/bmsb चेक करें।
- टारगेट रिस्क देश: अल्बानिया, अंडोरा, आर्मेनिया, ऑस्ट्रिया, अज़रबैजान, बेल्जियम, बोस्निया और हर्ज़ेगोविना, बुल्गारिया, कनाडा, क्रोएशिया, चेकिया, फ़्रांस, जॉर्जिया, जर्मनी, ग्रीस, हंगरी, इटली, कज़ाख़स्तान, कोसोवो, लिक्टेंस्टाइन, लक्ज़मबर्ग, मोल्दोवा, मॉन्टेनेग्रो, नीदरलैंड्स, नॉर्थ मैसेडोनिया, पोलैंड, पुर्तगाल, रोमानिया, रूस, सर्बिया, स्लोवाकिया, स्लोवेनिया, स्पेन, स्विट्ज़रलैंड, तुर्किये, यूक्रेन, संयुक्त राज्य अमेरिका और उज़्बेकिस्तान। चीन, जापान और कोरिया गणराज्य सिर्फ़ जहाज़ों की कड़ी निगरानी (heightened vessel surveillance) के लिए सूचीबद्ध हैं।
- टारगेट हाई रिस्क माल (अनिवार्य ट्रीटमेंट): चैप्टर 44 (लकड़ी), 45 (कॉर्क), 57 (कालीन), 68 से 70 (पत्थर, सिरेमिक और कांच की वस्तुएं), 72 से 76 और 78 से 83 (लोहा, स्टील, अन्य बेस मेटल, उनसे बनी वस्तुएं और टूल), 84 और 85 (मशीनरी और इलेक्ट्रिकल उपकरण) और 86 से 89 (रेलवे उपकरण, वाहन, विमान, जहाज़ और नावें)।
- टारगेट रिस्क माल (रैंडम जांच): चैप्टर 27 (मिनरल फ़्यूल), 28 और 29 (केमिकल), 38 (विविध केमिकल प्रोडक्ट), 39 (प्लास्टिक), 40 (रबर), 48 (काग़ज़), 49 (छपी हुई सामग्री) और 56 (वैडिंग, फ़ेल्ट, नॉनवोवन और रस्सियां)।
- इमर्जिंग रिस्क देश (emerging risk countries): ब्रिटेन, चीन, जापान और कोरिया गणराज्य। इनके माल की रैंडम जांच हो सकती है, और सिर्फ़ इन्हीं देशों के लिए चैप्टर 39, 94 (फ़र्नीचर) और 95 (खिलौने, गेम और खेल का सामान) की भी रैंडम जांच होती है।
- एयरफ़्रेट: संयुक्त राज्य अमेरिका और चीन से हवाई रास्ते आए टारगेट हाई रिस्क माल की रैंडम जांच हो सकती है, लेकिन उसे BMSB ट्रीटमेंट की ज़रूरत नहीं। जो माल पहले हवाई रास्ते से जाता है और फिर समुद्र के रास्ते ऑस्ट्रेलिया पहुंचता है, वह इन उपायों में आता है।
- हब किया गया या स्टोर किया गया माल: DAFF के LCL/FAK उदाहरणों (5 अगस्त 2026) में, टारगेट रिस्क देश का जो माल किसी नॉन-टारगेट देश से सिर्फ़ हब होकर गुज़रता है, उसे फिर भी ट्रीटमेंट चाहिए; जो माल वहां स्टोर किया या बेचा गया हो, उसे अनिवार्य ट्रीटमेंट नहीं चाहिए, पर उसकी जांच हो सकती है।
- NUFT: चैप्टर 82 और 84 से 89 का नया, अनयूज़्ड और फ़ील्ड में टेस्ट न किया गया माल, जो सीज़न की 1 दिसंबर को या उसके बाद बना हो, मैन्युफ़ैक्चरर की डिक्लेरेशन के साथ NUFT छूट के लिए योग्य हो सकता है।
ऑफ़शोर या ऑनशोर: कंटेनर टाइप के हिसाब से नियम
टारगेट हाई रिस्क माल का ट्रीटमेंट कहां हो सकता है, यह इस पर निर्भर है कि माल कैसे जाता है। ये नियम DAFF के 2025-26 के पेजों से हैं; IIAN 130-2026 (ब्रेक बल्क) और LCL पेज (5 अगस्त 2026) 2026-27 के लिए इनके कुछ हिस्सों को दोहराते हैं। DAFF कंटेनर लेवल पर ऑफ़शोर ट्रीटमेंट को बढ़ावा देता है, क्योंकि ऑनशोर ट्रीटमेंट से देरी होती है।
- सील किए गए सिक्स हार्ड-साइडेड कंटेनर (FCL/FCX): ट्रीटमेंट ऑफ़शोर, या कंटेनर लेवल पर ऑनशोर। रेफ़्रिजरेटेड कंटेनर, चालू हों या नहीं, और हार्ड-टॉप सील्ड कंटेनर सिक्स हार्ड-साइडेड माने जाते हैं। ऑनशोर ट्रीटमेंट से पहले कंटेनर खोला या डीकंसोलिडेट नहीं किया जाना चाहिए, इसलिए माल ऐसे पैक करें कि हीट या फ़्यूमिगेंट उस तक पहुंच सके।
- ब्रेक बल्क: फ़्लैट रैक पर और ओपन-टॉप कंटेनर में रखा माल, और ऐसे शिपर-ओन्ड कंटेनर (SOC) या FCL कंटेनर जिनमें बदलाव किया गया हो, जैसे बिल्ट-इन जनरेटर लगाए गए हों, ब्रेक बल्क माने जाते हैं। इनका ट्रीटमेंट ऑफ़शोर होना ज़रूरी है; ऑनशोर का कोई विकल्प नहीं है, और बिना ट्रीटमेंट वाले कार्गो को डिस्चार्ज से मना कर दिया जाता है या एक्सपोर्ट का निर्देश दिया जाता है।
- LCL और FAK (freight of all kinds) कंटेनर: जोखिम का प्रबंधन डीकंसोलिडेशन से पहले कंटेनर लेवल पर होता है। जिन कंटेनरों में टारगेट रिस्क देशों का टारगेट हाई रिस्क माल होता है, उनके हाउस बिल ऑफ़ लैडिंग पर सीज़नल पेस्ट रेफ़रल (SPREF) दर्ज होता है और उन पर सीज़नल पेस्ट होल्ड (SP HOLD) लगता है। मास्टर कंसोलिडेटर (MC) को अपनी डिक्लेरेशन जहाज़ के ऑस्ट्रेलिया के पहले पोर्ट पर पहुंचने से पहले दाख़िल करनी चाहिए; 35 कार्यदिवस बाद भी MC से संपर्क या डिक्लेरेशन न हो, तो कंटेनर को एक्सपोर्ट का निर्देश दिया जाता है।
- वाहन: फ़ुल इंपोर्ट डिक्लेरेशन पर आने वाले मोटर वाहन, मोटरबाइक, ई-बाइक और स्कूटर का ट्रीटमेंट अनिवार्य है, जब तक वे ऑस्ट्रेलियन बॉर्डर फ़ोर्स की रियायती (concessional) शर्तें पूरी न करें; सिर्फ़ अनअकंपनीड पर्सनल इफ़ेक्ट्स के रूप में इंपोर्ट किए गए घरेलू सामान और निजी सामान को छूट है।
मंज़ूर ट्रीटमेंट और मुख्य पैरामीटर
प्रोवाइडरों को DAFF की ट्रीटमेंट मेथडोलॉजी और न्यूनतम स्टैंडर्ड का पालन करना होता है। नीचे की दरें DAFF के 2025-26 के BMSB पेज से हैं (आख़िरी अपडेट 13 अप्रैल 2026); IIAN 151-2026 इन्हें दोबारा नहीं बताता, इसलिए मौजूदा शेड्यूल अपने प्रोवाइडर से कन्फ़र्म करें।
- हीट: माल की सबसे ठंडी सतह पर 56°C या उससे ज़्यादा, कम से कम 30 मिनट तक। सिर्फ़ 3,000 kg से कम वज़न वाले अलग-अलग ब्रेक बल्क आइटम के लिए, 60°C या उससे ज़्यादा, कम से कम 10 मिनट तक, और वज़न शिपिंग डॉक्यूमेंट पर दिखाया गया हो।
- मिथाइल ब्रोमाइड या सल्फ़्यूरिल फ़्लोराइड: 10°C या उससे ज़्यादा पर 24 g/m³ या उससे ज़्यादा की डोज़, या तो 12 से 24 घंटे से कम तक, कम से कम 12 g/m³ की एंड पॉइंट रीडिंग के साथ, या 24 घंटे या उससे ज़्यादा तक, कम से कम 8 g/m³ के एंड पॉइंट के साथ। आख़िर में टॉप-अप की अनुमति नहीं; न्यूनतम एंड पॉइंट से कम रीडिंग का मतलब है कि ट्रीटमेंट फ़ेल हुआ।
- थर्ड-पार्टी प्रोग्राम (FumiGuide, Fumicalc या FumiTrack) से डोज़ किया गया सल्फ़्यूरिल फ़्लोराइड: 10°C या उससे ज़्यादा पर 200 g-h/m³ या उससे ज़्यादा का कंसंट्रेशन × टाइम (CT), समय और एंड पॉइंट की उन्हीं सीमाओं के साथ।
- एथिल फ़ॉर्मेट: 2025-26 में यह ऑफ़शोर विकल्प था और 2026-27 में ऑनशोर और ऑफ़शोर इस्तेमाल के लिए मंज़ूर है (IIAN 151-2026)। 2025-26 के ऑफ़शोर शेड्यूल में 10°C या उससे ज़्यादा तापमान, 16.7% एथिल फ़ॉर्मेट और 83.3% कार्बन डाइऑक्साइड का मिश्रण और 4 घंटे का बेस एक्सपोज़र ज़रूरी था। एथिल फ़ॉर्मेट इस्तेमाल होने पर इंपोर्ट डिक्लेरेशन में TREATEDEF कोड होना चाहिए।
- दो उद्देश्यों के लिए किए गए एक ही ट्रीटमेंट को हर पैरामीटर (डोज़, तापमान, समय, रिटेंशन) में BMSB दर और माल की सामान्य इंपोर्ट शर्तों में से ऊंची वैल्यू पूरी करनी होगी।
ट्रीटमेंट सर्टिफ़िकेट, AusTreat और 120 घंटे की विंडो
AusTreat ऑस्ट्रेलिया के बाहर के ट्रीटमेंट प्रोवाइडरों के लिए DAFF की स्कीम है, जिसमें रजिस्ट्रेशन हर 3 साल में रिन्यू होता है; IIAN 151-2026 के अनुसार ऑफ़शोर प्रोवाइडरों का इसमें रजिस्टर्ड होना ज़रूरी है। DAFF के 2025-26 के पेजों के अनुसार, टारगेट रिस्क देश में ट्रीट हुए माल के लिए सर्टिफ़िकेट सिर्फ़ उन प्रोवाइडरों से मान्य हैं जो AusTreat में रजिस्टर्ड हैं और उसकी List of treatment providers में मंज़ूर के रूप में सूचीबद्ध हैं। बाक़ी जगह AusTreat प्रोवाइडर की सिफ़ारिश है, अनिवार्यता नहीं, लेकिन अगर प्रोवाइडर सस्पेंडेड, विदड्रॉन या अंडर रिव्यू के रूप में सूचीबद्ध है तो सर्टिफ़िकेट अस्वीकार होते हैं। फ़र्ज़ी सर्टिफ़िकेट होने पर, जहां अनुमति हो वहां ऑनशोर ट्रीटमेंट होता है, वरना एक्सपोर्ट।
इन-ट्रांज़िट पॉलिसी के तहत, जो 2026-27 में भी जारी है, अंडर रिव्यू रखे गए या सस्पेंड किए गए प्रोवाइडर के सर्टिफ़िकेट बदलाव प्रकाशित होने की तारीख़ से अमान्य हो जाते हैं, ट्रीटमेंट की तारीख़ चाहे जो हो। सर्टिफ़िकेट में दिखना चाहिए कि माल की सामान्य ज़रूरतें और BMSB की न्यूनतम ज़रूरतें, दोनों पूरी हुईं।
2025-26 के लिए प्रकाशित 120 घंटे की विंडो: टारगेट रिस्क देश में 1 दिसंबर से पहले ट्रीट हुए माल के लिए, कंटेनर वाला माल ट्रीटमेंट के 120 घंटे के भीतर लोड और सील होना चाहिए, और ब्रेक बल्क 120 घंटे के भीतर शिप्ड ऑन बोर्ड होना चाहिए। घड़ी तब शुरू होती है जब हीट ट्रीटमेंट ख़त्म होता है या फ़्यूमिगेशन का वेंटिलेशन शुरू होता है। यह नॉन-टारगेट देश में ट्रीट हुए माल पर या 1 दिसंबर से लागू नहीं होती। रोल्ड गुड्स पॉलिसी ख़त्म होने के बाद, IIAN 130-2026 के अनुसार जो ब्रेक बल्क ट्रीटमेंट के बाद की लोडिंग शर्तें पूरी नहीं करता, उसका पहुंचने से पहले ऑफ़शोर दोबारा ट्रीटमेंट करना होगा।
- सीलिंग डिक्लेरेशन (2025-26 के पेज): ओरिजिन पर एक्सपोर्टर, फ़ॉरवर्डर या शिपिंग कंपनी साइन करती है, ऑस्ट्रेलियाई इंपोर्टर या ब्रोकर नहीं। यह इन मामलों को कवर करती है: 1 सितंबर से पहले सील हुआ पर उसके बाद शिप हुआ FCL/FCX माल, 1 दिसंबर से पहले ऑफ़शोर ट्रीटमेंट के 120 घंटे के भीतर सील हुआ माल, बिना शिप्ड-ऑन-बोर्ड डेट वाला बिल ऑफ़ लैडिंग, या नॉन-टारगेट देश में पैक होकर टारगेट रिस्क देश से शिप हुआ माल। यह ओपन-टॉप, फ़्लैट-रैक या मॉडिफ़ाइड कंटेनर के लिए मान्य नहीं है।
- ट्रांसशिपमेंट (2025-26 के पेज): 1 सितंबर से 1 दिसंबर तक, जो टारगेट हाई रिस्क ब्रेक बल्क ट्रांज़िट में किसी टारगेट रिस्क देश में 120 घंटे से ज़्यादा रुकता है, उसे ट्रीटमेंट चाहिए; बिना खोले गए सील्ड कंटेनर इसमें नहीं आते।
ऑस्ट्रेलिया पहुंचने पर: जांच, ऑनशोर ट्रीटमेंट या एक्सपोर्ट
टारगेट हाई रिस्क और टारगेट रिस्क माल को रैंडम जांच के लिए चुना जा सकता है। जांच कंटेनर लेवल पर, किसी मेट्रोपॉलिटन इलाक़े की अप्रूव्ड अरेंजमेंट साइट पर होती है। अगर BMSB मिलता है, तो माल को ट्रीटमेंट का निर्देश दिया जाता है। माल को फिर भी अपनी सामान्य BICON (Biosecurity Import Conditions) ज़रूरतें पूरी करनी होती हैं। नीचे के नतीजे DAFF के अराइवल पेज से हैं, जो आख़िरी बार 7 अगस्त 2025 को अपडेट हुआ, सिवाय वहां जहां IIAN 130-2026 2026-27 के लिए इनकी पुष्टि करता है।
- पहुंचने से पहले पहचाना गया बिना ट्रीटमेंट वाला ब्रेक बल्क: डिस्चार्ज से इनकार या एक्सपोर्ट का निर्देश (IIAN 130-2026)।
- पहले से उतारा जा चुका बिना ट्रीटमेंट वाला ब्रेक बल्क: 24 घंटे के भीतर कंटेन किया जाता है, जैसे एनवेलप टार्पिंग से, घाट पर रोका जाता है और 48 घंटे के भीतर एक्सपोर्ट किया जाता है।
- सील किए गए सिक्स हार्ड-साइडेड कंटेनर में बिना ट्रीटमेंट वाला टारगेट हाई रिस्क माल: अप्रूव्ड अरेंजमेंट प्रोवाइडर द्वारा कंटेनर लेवल पर ऑनशोर ट्रीटमेंट, पहले डीकंसोलिडेशन के बिना। अगर ट्रीटमेंट नहीं हो सकता, या इंपोर्टर एक्सपोर्ट चुनता है, तो माल को पहुंचने के 7 दिनों के भीतर एक्सपोर्ट करना होगा।
- Class 4.7 सिक्योर अनपैक तभी संभव है जब कोई Class 12 ट्रीटमेंट प्रोवाइडर रिपोर्ट करे कि कंटेनर के अंदर ट्रीटमेंट काम नहीं करेगा।
- बिना ट्रीटमेंट वाले ब्रेक बल्क को कम्युनिटी प्रोटेक्शन सवाल 642 का जवाब YES देकर घोषित किया जाता है; एक्सपोर्ट से पहले की निगरानी और जांच फ़ीस-फ़ॉर-सर्विस आधार पर होती है।
न्यूज़ीलैंड (MPI): क्या अलग है
न्यूज़ीलैंड के BMSB नियम MPI के इंपोर्ट हेल्थ स्टैंडर्ड (IHS): वाहन, मशीनरी और पार्ट्स में हैं, जिसका 2021 संस्करण MPI के BMSB पेज से लिंक है। ये ऑस्ट्रेलिया के टैरिफ़ चैप्टर नहीं, बल्कि वाहन, मशीनरी, पार्ट्स और नए टायर, साथ ही विमान और जलयान टारगेट करते हैं, और MPI सीज़न में इटली से एक्सपोर्ट हुए सी कंटेनरों को भी कवर करती है। MPI रिस्क देशों, ट्रीटमेंट और प्रोवाइडरों को जहां तक संभव हो ऑस्ट्रेलिया के साथ मिलाकर रखती है, लेकिन एक ही सीज़न में दोनों देशों को भेजे गए माल को दोनों देशों के नियम पूरे करने होंगे; माल रवाना होने से पहले Standards@mpi.govt.nz से संपर्क करें।
- रिस्क देश (IHS Schedule 3): वही देश जो ऑस्ट्रेलिया की 2025-26 की टारगेट रिस्क सूची में हैं, सिवाय इसके कि उज़्बेकिस्तान सूची में नहीं है और जापान है; संयुक्त राज्य अमेरिका की एंट्री में अलास्का और हवाई शामिल नहीं हैं।
- मुख्य विकल्प: MPI द्वारा मंज़ूर सिस्टम, या पहुंचने से पहले ऐसे ऑफ़शोर प्रोवाइडर से ट्रीटमेंट जिसे MPI और DAFF ने संयुक्त रूप से मंज़ूर किया हो (DAFF की सूची)। MPI का ट्रीटमेंट पेज हीट, मिथाइल ब्रोमाइड और सल्फ़्यूरिल फ़्लोराइड का नाम लेता है, एथिल फ़ॉर्मेट का नहीं, इसलिए पहले MPI से पूछ लें।
- न्यूज़ीलैंड के माल का ऑस्ट्रेलिया में ट्रीटमेंट नहीं: मंज़ूर सूची में दोनों में से किसी भी देश का कोई प्रोवाइडर नहीं है, इसलिए एक देश जाने वाले माल का रास्ते में दूसरे देश में ट्रीटमेंट नहीं हो सकता। ट्रीटमेंट किसी दूसरे ट्रांसशिपमेंट पोर्ट पर हो सकता है।
- 120 घंटे, 1 दिसंबर की कोई कट-ऑफ़ नहीं: रिस्क देश में ट्रीटमेंट के बाद, ब्रेक बल्क को 120 घंटे के भीतर न्यूज़ीलैंड एक्सपोर्ट करना या किसी नॉन-रिस्क देश ले जाना होगा, और पूरी तरह बंद FCL या FAK कंटेनर के माल को 120 घंटे के भीतर लोड करके दरवाज़े बंद करने होंगे। पोर्ट से दूर ट्रीट हुए ब्रेक बल्क को 6 घंटे के भीतर पोर्ट पहुंचना होगा, या क्लॉज़ 9.1.1 के अनुसार सुरक्षित रखना होगा।
- 1 सितंबर से पहले सील हुआ माल: 1 सितंबर से पहले पूरी तरह बंद कंटेनर में सील हुआ और उसी साल 1 अक्टूबर से पहले एक्सपोर्ट हुआ माल बाहर रखा जाता है, अगर सीलिंग की तारीख़ का सबूत, जैसे सील नंबर और तारीख़ वाली फ़ोटो, पहुंचने से पहले दिया जाए।
- 1 सितंबर से रिस्क देश के रास्ते ट्रांसशिपमेंट: ब्रेक बल्क को अलग रखना होगा और वह 120 घंटे से ज़्यादा नहीं रुकना चाहिए; कंटेनर वाला माल बिना खोले कंटेनर में ही रहना चाहिए।
- पहुंचने पर: MPI के अनुसार जिस BMSB रिस्क माल का ट्रीटमेंट ज़रूरी था पर हुआ नहीं, उसे शायद उतारा नहीं जाएगा और इंपोर्टर के ख़र्च पर न्यूज़ीलैंड से बाहर भेज दिया जाएगा।
स्टेप बाय स्टेप
- हर प्रोडक्ट का टैरिफ़ चैप्टर और उसके बनने और शिप होने के देश agriculture.gov.au/bmsb पर DAFF की मौजूदा BMSB सूचियों से मिलाएं, और न्यूज़ीलैंड के लिए वाहन, मशीनरी और पार्ट्स के MPI इंपोर्ट हेल्थ स्टैंडर्ड से।
- कार्गो टाइप जल्दी तय करें: सील किया गया सिक्स हार्ड-साइडेड कंटेनर ऑस्ट्रेलिया में ऑनशोर विकल्प खुला रखता है, जबकि ब्रेक बल्क, ओपन-टॉप, फ़्लैट-रैक और मॉडिफ़ाइड कंटेनर का ट्रीटमेंट ऑफ़शोर ही होना चाहिए।
- ऐसा ट्रीटमेंट प्रोवाइडर चुनें जो DAFF की List of treatment providers में उस लोकेशन और ट्रीटमेंट के लिए मंज़ूर के रूप में सूचीबद्ध हो, और ट्रीटमेंट से ठीक पहले उसका स्टेटस फिर से चेक करें।
- ट्रीटमेंट ऐसे बुक करें कि सीलिंग या लोडिंग 120 घंटे की विंडो में हो, और शिपिंग लाइन द्वारा कार्गो रोल किए जाने की गुंजाइश रखें, क्योंकि ऑस्ट्रेलिया की रोल्ड गुड्स पॉलिसी 2026-27 में लागू नहीं है।
- माल ऐसे पैक करें कि कंटेनर के अंदर हीट या फ़्यूमिगेंट उस तक पहुंच सके, ट्रीट हुए माल को बिना ट्रीटमेंट वाले कार्गो से अलग रखें, और कंटेनर सील करें।
- ट्रीटमेंट सर्टिफ़िकेट लें और, जहां लागू हो, सीलिंग, ट्रांसशिपमेंट या NUFT मैन्युफ़ैक्चरर डिक्लेरेशन भी, और नाम, कंटेनर नंबर और तारीख़ें कमर्शियल इनवॉइस, पैकिंग लिस्ट और बिल ऑफ़ लैडिंग से मिलाएं।
- जहाज़ रवाना होने से पहले डॉक्यूमेंट इंपोर्टर और कस्टम्स ब्रोकर को भेजें, ताकि वे पहुंचने से पहले इंपोर्ट डिक्लेरेशन और, LCL/FAK के लिए, मास्टर कंसोलिडेटर डिक्लेरेशन दाख़िल कर सकें।
- एक ही सीज़न में ऑस्ट्रेलिया और न्यूज़ीलैंड दोनों जाने वाले माल के लिए दोनों देशों के नियम चेक करें और माल रवाना होने से पहले Standards@mpi.govt.nz पर MPI से संपर्क करें।
आमतौर पर चाहिए होने वाले डॉक्यूमेंट
- मंज़ूर प्रोवाइडर से BMSB ट्रीटमेंट सर्टिफ़िकेट (हीट, मिथाइल ब्रोमाइड, सल्फ़्यूरिल फ़्लोराइड या एथिल फ़ॉर्मेट)
- शिप्ड-ऑन-बोर्ड डेट वाला ओशन बिल ऑफ़ लैडिंग
- माल के साफ़ विवरण, कंटेनर नंबर और कार्गो टाइप के साथ कमर्शियल इनवॉइस और पैकिंग लिस्ट
- ओरिजिन पर एक्सपोर्टर, फ़ॉरवर्डर या शिपिंग कंपनी द्वारा साइन की गई सीलिंग डिक्लेरेशन, जहां लागू हो
- नए, अनयूज़्ड, फ़ील्ड में टेस्ट न किए गए माल के लिए NUFT मैन्युफ़ैक्चरर डिक्लेरेशन, जहां लागू हो
- टारगेट रिस्क देश से होकर ट्रांसशिप हुए माल के लिए ट्रांसशिपमेंट डिक्लेरेशन, जहां लागू हो
- माल की सामान्य BICON या MPI इंपोर्ट शर्तों में मांगे गए सर्टिफ़िकेट, जैसे फ़ाइटोसैनिटरी सर्टिफ़िकेट
- ऑस्ट्रेलिया के लिए पैकिंग डिक्लेरेशन और टिम्बर पैकेजिंग रिकॉर्ड
- न्यूज़ीलैंड की 1 सितंबर वाली छूट के लिए कंटेनर सीलिंग की तारीख़ का सबूत (सील नंबर और तारीख़ वाली फ़ोटो)
आम समस्याएं और इनसे कैसे बचें
क्या करें: सिर्फ़ उन्हीं प्रोवाइडरों को चुनें जो उस लोकेशन और ट्रीटमेंट के लिए मंज़ूर के रूप में सूचीबद्ध हों, और ट्रीटमेंट से ठीक पहले सूची चेक करें। DAFF के 2025-26 के नियमों के तहत, ऐसे में सील्ड कंटेनर ऑनशोर ट्रीटमेंट के लिए जाते हैं और ब्रेक बल्क एक्सपोर्ट होता है।
क्या करें: 2026-27 के लिए रोल्ड गुड्स पॉलिसी हटा दी गई है, इसलिए माल का पहुंचने से पहले ऑफ़शोर दोबारा ट्रीटमेंट करना होगा, वरना डिस्चार्ज से इनकार या एक्सपोर्ट होगा। कन्फ़र्म सेलिंग के क़रीब ट्रीटमेंट करें और शिपिंग लाइन के रिकॉर्ड रखें।
क्या करें: फ़ॉरवर्डर से कहें कि वह पक्का करे कि मास्टर कंसोलिडेटर अपनी डिक्लेरेशन दाख़िल करे, बेहतर हो कि ऑस्ट्रेलिया के पहले पोर्ट से पहले। संपर्क या डिक्लेरेशन के बिना 35 कार्यदिवस बीतने पर कंटेनर को एक्सपोर्ट का निर्देश दिया जाता है।
क्या करें: बाक़ी माल भी तब इन उपायों में आता है जब वह टारगेट हाई रिस्क या टारगेट रिस्क माल के साथ पैक हो। टारगेट माल अलग से शिप करें, या कंटेनर लेवल पर कंटेनर का ऑफ़शोर ट्रीटमेंट कराएं।
क्या करें: ऑस्ट्रेलिया में कोई मंज़ूर प्रोवाइडर न्यूज़ीलैंड जाने वाले माल का ट्रीटमेंट नहीं कर सकता, और उल्टा भी यही लागू है। ओरिजिन पर या किसी दूसरे ट्रांसशिपमेंट पोर्ट पर मंज़ूर प्रोवाइडर से ट्रीटमेंट कराएं।
क्या करें: ऑस्ट्रेलिया 2026-27 में एथिल फ़ॉर्मेट को ऑनशोर और ऑफ़शोर दोनों में स्वीकार करता है, लेकिन MPI के पेज हीट, मिथाइल ब्रोमाइड और सल्फ़्यूरिल फ़्लोराइड बताते हैं। शिप करने से पहले bmsb@mpi.govt.nz पर MPI से कन्फ़र्म करें।
सोर्स
- IIAN 151-2026: Commencement of the 2026-27 BMSB risk season (31 August 2026) Department of Agriculture, Fisheries and Forestry (DAFF), Australia
- IIAN 130-2026: Changes to BMSB alternative clearance pathways for the 2026-27 BMSB season (31 July 2026) Department of Agriculture, Fisheries and Forestry (DAFF), Australia
- IIAN 138-2026: 2026-27 BMSB season industry information session (5 August 2026) Department of Agriculture, Fisheries and Forestry (DAFF), Australia
- Seasonal measures for brown marmorated stink bug (BMSB) (version last updated 13 April 2026, 2025-26 lists and treatment rates) Department of Agriculture, Fisheries and Forestry (DAFF), Australia
- BMSB: Preparing to import goods (last updated 7 August 2025) Department of Agriculture, Fisheries and Forestry (DAFF), Australia
- BMSB: Management of LCL/FAK containers (last updated 5 August 2026) Department of Agriculture, Fisheries and Forestry (DAFF), Australia
- BMSB: What happens to your goods on arrival (last updated 7 August 2025) Department of Agriculture, Fisheries and Forestry (DAFF), Australia
- Offshore BMSB treatment providers scheme: AusTreat (last updated 19 August 2025) Department of Agriculture, Fisheries and Forestry (DAFF), Australia
- Brown marmorated stink bug (BMSB): requirements for importers (last reviewed 15 May 2024) Ministry for Primary Industries (MPI), New Zealand
- Check if your vehicles, machinery, or parts require BMSB management (last reviewed 22 August 2025) Ministry for Primary Industries (MPI), New Zealand
- Import Health Standard: Vehicles, Machinery and Parts (Part 9 and Schedule 3) Ministry for Primary Industries (MPI), New Zealand
- Finding treatment options and providers (offshore BMSB treatment, last reviewed 16 December 2025) Ministry for Primary Industries (MPI), New Zealand
नियम अक्सर बदलते रहते हैं। यह नोट ऊपर दिए सोर्सेज़ पर आधारित प्रैक्टिकल गाइडेंस है, लीगल एडवाइस नहीं। शिप करने से पहले अथॉरिटी, अपने इंपोर्टर या किसी लाइसेंस्ड कस्टम्स ब्रोकर से मौजूदा ज़रूरतें कन्फ़र्म करें।
देश के अनुसार पोर्ट कोड
साप्ताहिक ईमेल: व्यापार नियमों में बदलाव
हर हफ़्ते अंग्रेज़ी में एक छोटा ईमेल: आधिकारिक स्रोतों से नए और बदले हुए आयात-निर्यात नियम, साथ में हमारी नई गाइड और टूल। मुफ़्त, कभी भी अनसब्सक्राइब करें।
ट्रेड नोट्स
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
2026-27 का BMSB सीज़न कब है?
ऑस्ट्रेलिया के लिए, 1 सितंबर 2026 से 30 अप्रैल 2027 तक (दोनों दिन शामिल) शिप हुआ माल, जो शिप्ड-ऑन-बोर्ड डेट से तय होता है, और वे जहाज़ जो इस अवधि में टारगेट रिस्क देशों में बर्थ, लोड या ट्रांसशिप करते हैं। न्यूज़ीलैंड के लिए, किसी रिस्क देश से 1 सितंबर को या उसके बाद एक्सपोर्ट हुआ माल जो 30 अप्रैल तक पहुंचे।
क्या कोरिया, जापान या चीन के माल को ऑस्ट्रेलिया के लिए BMSB ट्रीटमेंट चाहिए?
DAFF की 2025-26 की सूचियों में ये देश माल के लिए टारगेट रिस्क देश नहीं हैं। ये जहाज़ों की कड़ी निगरानी के लिए और इमर्जिंग रिस्क देशों के रूप में सूचीबद्ध हैं, इसलिए इनके माल की रैंडम जांच हो सकती है, और चीन से आए टारगेट हाई रिस्क एयरफ़्रेट की भी जांच हो सकती है। टारगेट रिस्क देश का जो माल इनके ज़रिए सिर्फ़ हब होकर आता है, उसे फिर भी ट्रीटमेंट चाहिए, और न्यूज़ीलैंड के लिए जापान रिस्क देश है। शिप करने से पहले 2026-27 की सूचियां चेक करें।
क्या शिपमेंट से पहले के बजाय ऑस्ट्रेलिया पहुंचने पर ट्रीटमेंट हो सकता है?
सिर्फ़ सील किए गए सिक्स हार्ड-साइडेड कंटेनरों में रखे टारगेट हाई रिस्क माल का, जिनमें रीफ़र और हार्ड-टॉप कंटेनर भी शामिल हैं, और सिर्फ़ डीकंसोलिडेशन से पहले कंटेनर लेवल पर। ब्रेक बल्क, ओपन-टॉप, फ़्लैट-रैक और मॉडिफ़ाइड कंटेनर का ट्रीटमेंट ऑफ़शोर होना ज़रूरी है; बिना ट्रीटमेंट के उन्हें डिस्चार्ज से मना किया जाता है या एक्सपोर्ट किया जाता है।
2026-27 सीज़न में क्या बदला?
IIAN 151-2026 में तीन बदलाव बताए गए हैं: एथिल फ़ॉर्मेट ऑफ़शोर के साथ ऑनशोर ट्रीटमेंट के लिए भी मंज़ूर है, रोल्ड गुड्स पॉलिसी हटा दी गई है और सेफ़गार्डिंग अरेंजमेंट्स स्कीम हटा दी गई है। अंडर रिव्यू रखे गए या सस्पेंड किए गए प्रोवाइडरों के लिए इन-ट्रांज़िट पॉलिसी जारी है।
और फ्री टूल्स
Triplicate फ्री है और लगातार बेहतर हो रहा है। काम का लगा? Triplicate को सपोर्ट करें ♥
बिना विज्ञापन चाहिए? Pro सभी विज्ञापन हटाता है · $1/माह